वित्त मंत्री अरुण जेटली ने अमेरिका के वित्त मंत्री स्टीवन न्यूचिन के समक्ष H-1B VISA पर प्रतिबंध के मुद्दे को उठाया. भारत को आशंका है कि इस प्रतिबंध से भारतीय आईटी पेशेवरों का अमेरिका आना प्रभावित होगा. अमेरिका के वित्त मंत्री के साथ बैठक के दौरान जेटली ने भारतीय कंपनियों तथा पेशेवरों के अमेरिकी अर्थव्यवस्था में योगदान को देखने की जरूरत पर जोर दिया. जेटली के मुताबिक अमेरिका के ऐसे रुख से उसे बड़ा नुकसान हो सकता है. राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एच-1बी वीजा कार्यक्रम से जुड़े नियमों को कड़ा करने के लिये सरकारी आदेश पर हस्ताक्षर कर दिया है. इसका

वित्त मंत्री अरुण जेटली ने अमेरिका के वाणिज्य सचिव विल्बर रॉस के समक्ष एच1 बी वीजा का मुद्दा उठाया है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक जेटली ने इस मामले पर जोर देते हुए रॉस को अमेरिका और भारत के आर्थिक विकास में अत्यधिक कुशल भारतीयों के योगदान के बारे में बताया। सूत्रों के मुताबिक जेटली ने रॉस को इसे खत्म न करने की अपील की और इससे दोनों देशों को होने वाले फायदे भी बताए। बताया जा रहा कि रॉस ने एच1बी वीजा को लेकर सकारात्मक संकेत दिए हैं और इस पर दोबारा विचार किए जाने की बात कही है। बता दें कि