आज से मानसून सत्र शुरू हो गया है. संसद पहुंचकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि GST लागू होने से संसद का ये सत्र नई उमंग से भरा होगा. उन्होंने कहा कि जीएसटी एक साथ काम करने का दूसरा नाम है. उन्‍होंने GST का नया नाम बताते हुए इसे 'ग्रोइंग स्ट्रांगर टूगेदर' कहा. मीडिया से बात करते हुए मोदी ने कहा, इस बार लोगों को ध्यान मानसून सत्र पर कई अहम मुद्दों पर चर्चा को लेकर रहेगा. उन्होंने इस सत्र की शुरुआत में किसानों को नमन करते कहा, वे इस मौसम में कठोर परिश्रम कर देशवासियों के

गुड्स एंड सर्विस टैक्स (जीएसटी) लागू होने से भले ही देश के अन्य राज्य आर्थिक हानि का रोना रो रहे हों, लेकिन इस नई व्यवस्था में हरियाणा की दसों उंगलियां घी में हैं. हरियाणा को सर्विस सेक्टर और 6 गैर जीएसटी (5 प्रकार के पेट्रोलियम पदार्थ और शराब) आइटम का अतिरिक्त लाभ मिल रहा है. जिसकी बदौलत वित्त वर्ष 2017-18 में प्रदेश सरकार को सभी मदों से 48 हजार करोड़ रुपए राजस्व प्राप्त होगा, जोकि गत वित्त वर्ष की तुलना में 65.5 फीसदी अधिक है. प्रदेश सरकार के टैक्स राजस्व में मुख्य रूप से वैट, सीएसटी और एक्साइज ड्यूटी शामिल है.

जीएसटी लॉन्च करने के बाद अब केंद्र सरकार आम लोगों और व्यापारियों को इसके बारे में सही जानकारी देने में लगी है। इसी कड़ी में केंद्रीय वित्त मंत्री अरुण जेटली ने जीएसटी फाइंडर ऐप लॉन्च की है। इस ऐप की मदद से लोगों को किसी भी चीज पर लगने वाले जीएसटी की सही जानकारी मिल सकेगी। फिलहाल यह ऐप एंड्रायज स्टोर में उपलब्ध है और जल्द ही इसे आईएसओ व विंडोज के लिए भी उपलब्ध करवा दिया जाएगा। इसे आप एंड्रायड प्ले स्टोर में GST Rate Finder लिखकर सर्च कर सकते हैं। इस ऐप को डाउनलोड करने के बाद आप जैसे ही

हिमाचल में आम आदमी की थाली पर जी.एस.टी. की मार पड़नी शुरू हो गई है. इसके लागू होने के बाद से प्रदेश के राशन डिपुओं में राशन नहीं मिल रहा है. सार्वजनिक वितरण प्रणाली के राशन की आपूर्ति ही नहीं हो रही है. इसके कारण करीब 16 लाख राशन कार्ड धारकों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. राज्य नागरिक एवं आपूर्ति निगम ने राशन डिपुओं की राशन आपूर्ति पर फिलहाल रोक लगा दी है. इसके कारण प्रदेश के करीब 70 लाख उपभोक्ताओं को राशन डिपो पर जुलाई माह का राशन नहीं मिल रहा है. निगम का कम्प्यूटरीकृत सिस्टम जी.एस.टी. के

कांग्रेस विधायक दल की नेता किरण चौधरी ने इनेलो और बीजेपी पर एसवाईएल के मुद्दे पर भी राजनीति करने का आरोप लगाते। उन्होंने कहा कि, बीजेपी हमेशा लोगों को जाति और धर्म के नाम पर बांट कर वोट लेती है।जीएसटी पर केंद्र सरकार को घेरते हुए कहा कि ईमानदारी से काम करने वालों को ढोल पिटने की जरूरत नहीं होती। उन्होंने कहा कि जीएसटी को लागू करने से पहले केंद्र सरकार को इसका सरलीकरण करना चाहिए था।

इनेलो नेता अभय चौटाला ने एसवाईएल, जीएसटी और किसानों के मुद्दे पर केंद्र सरकार को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि जीएसटी किसानों के लिए सबसे बड़ी मार साबित होगी। उन्होंने एसवाईएल को लेकर भी 50 साल का लेखा जोखा मडिया के सामने पेश किया। उन्होंने कहा कि एसवाईएल नहर में पानी लाने के लिए इनेलो के नेता और कार्यकर्ता दस जुलाई को शंभू बॉर्डर पर धरना देंगे, साथ ही पंजाब से आने वाले वाहनों का रास्ता रोका जाएगा।

1 जुलाई से देशभर में जी.एस.टी. लागू हो चुका है और अब इसका असर आम आदमी पर दिखने लगा है। जी.एस.टी. लागू होते ही घरेलू सिलेंडर के दाम बढ़ गए हैं जिससे आम आदमी को बड़ा झटका लगा है। अब लोगों को एल.पी.जी. सिलेंडर लेने के लिए 32 रुपए ज्यादा खर्च करने होंगे। जानकारी के मुताबिक, जी.एस.टी. के लागू होने से पहले कई राज्यों को एल.पी.जी. के लिए टैक्स नहीं देना होता था, लेकिन कुछ राज्यों में इस पर 2-4 प्रतिशत का वैट लगता था। लेकिन अब क्योंकि एल.पी.जी. को 5% के स्लैब में रखा गया है, तो इसकी कीमत में

राष्ट्रपति चुनाव में एनडीए के उम्मीदवार का समर्थन करने के बाद आज बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पहली बार कांग्रेस पर खुलकर हमला बोला है. नीतीश कुमार ने अपने बयान में कांग्रेस पर आरोप लगाया कि राष्ट्रपति चुनाव के लिए जदयू को कांग्रेस ने भरोसे में नहीं लिया. नीतीश कुमार का कहना है कि विपक्ष की आज जो स्थिति है उसके लिए कांग्रेस खुद ही जिम्मेदार है. यहां यह गौरतलब है कि बिहार में महागठबंधन की सरकार है और कांग्रेस, आरजेडी के साथ इस महागठबंधन में शामिल है. पटना में आयोजित प्रेस कांफ्रेंस में नीतीश कुमार ने कहा, 'क्या विपक्ष की एकता के बिना कांग्रेस

दिल्ली पूर्व वित्त मंत्री पी चिदंबरम ने मोदी सरकार द्वारा लागू किए गए जीएसटी पर गंभीर सवाल उठाए हैं. चिदंबरम ने कहा है कि लागू किया गया बिल ओरिजनल जीएसटी बिल नहीं है, जिसे पहले विशेषज्ञों ने ड्राफ्ट किया था. कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पी चिदंबरम ने कहा है कि इस जीएसटी से महंगाई पर बड़ा प्रभाव पड़ेगा. उन्होंने व्यापारियों को होने वाले नुकसान की जानकारी भी दी है. उनका कहना है कि छोटे और मीडियम स्केल के ट्रेडर्स को लागू किए गए जीएसटी की वजह से भारी नुकसान झेलना पड़ेगा. मोदी सरकार द्वारा लागू किए गए जीएसटी का कांग्रेस ये कहकर विरोध

आपकी पसंदीदा कारों, मोटरसाइकलों एवं स्कूटरों के दाम शनिवार से घट रहे हैं क्योंकि शुक्रवार रात से ही जीएसटी पूरे देश में लागू हो चुका है। हालांकि, हाइब्रिड्स और 350 सीसी से ज्यादा क्षमता के इंजन वाले बड़े बाइक महंगे पड़ेंगे। इस बीच, मारुति सुजुकी ने अपनी कुछ चुनिंदा गाड़ियों के दाम में 3 प्रतिशत तक की कटौती का ऐलान किया है। वहीं, मारुति की कुछ हाइब्रिड कारें महंगी भी हो गई हैं। गाड़ियां बनाने वाली कंपनियों का कहना है कि जीएसटी रेट्स से पूरे देश में एक समान टैक्स लगेगा, जिससे 'एक देश एक टैक्स' की व्यवस्था लागू होगी। मुंबई