केंद्र सरकार ने राज्यों से कहा है कि वे बिजली बिल के भुगतान कैश में लेना बंद करें और डिजिटल मोड की ओर बढ़ें। अगर ऐसा हो गया तो कैशलेस इकॉनमी की दिशा में यह एक बड़ी छलांग होगी क्योंकि हर साल लाखों करोड़ रुपये की बिजली कंज्यूम की जाती है। पावर सेक्रेटरी पीके पुजारी ने बताया कि केंद्रीय बिजली मंत्रालय ने राज्यों की डिस्ट्रिब्यूशन कंपनियों से कहा है कि वे ऑनलाइन और डिजिटल पेमेंट मैकेनिज्म बनाएं और मजबूत करें। इससे शहरी इलाकों से कैश पेमेंट बंद करने की शुरुआत हो सकेगी और धीरे-धीरे सभी इलेक्ट्रिसिटी कंज्यूमर्स को इसके दायरे में