भारत और चीन के बीच सीमा विवाद बढ़ता जा रहा है. बुधवार को चीन के सरकारी अखबार ग्लोबल टाइम्स में छपे लेख में भारत को कड़ा सबक सिखाने की बात कही गई. लेख में कहा गया कि भारत को एक कड़ा सबक सिखाना चाहिए. साथ ही लेख में भारत को चेतावनी दी गई कि अगर वह चाइना के साथ युद्ध करता है को उसे 1962 से ज्यादा नुकसान होगा. ग्लोबल टाइम्स के इस लेख में कहा गया कि अगर भारत को लगता है कि उसकी सेना चीन का मुकाबला कर सकती है तो हमें उसे अपनी ताकत का एहसास कराना होगा. जेटली सही हैं कि अब भारत 1962

बीजिंग प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बीच पहली मुलाकात के बीच, चीन के एक सरकारी अखबार ने कहा है कि चीन को घेरने के लिए अमेरिका का सहयोगी बनने का भारत का प्रयास उसके हित में नहीं होगा और इसके 'विनाशकारी परिणाम' हो सकते हैं. 'ग्लोबल टाइम्स' में छपे एक लेख में कहा गया कि वॉशिंगटन और दिल्ली चीन के उदय को लेकर चिंताएं साझा करते हैं. हाल के वर्षों में, चीन पर भूराजनीतिक दबाव बढ़ाने के लिए अमेरिका ने भारत से दोस्ती बढ़ाई है. इसमें रेखांकित किया गया कि भारत जापान या ऑस्ट्रेलिया जैसा अमेरिकी सहयोगी देश

पेइचिंग चीनी मीडिया ने चीन द्वारा अरुणाचल प्रदेश के 6 स्थानों का नाम बदलने पर भारत की प्रतिक्रिया को 'बेतुका' करार दिया है. चीन के सरकारी मीडिया ने चेताया है कि अगर भारत ने दलाई लामा का 'तुच्छ खेल' खेलना जारी रखा तो उसे 'बहुत भारी' कीमत चुकानी होगी. सरकारी अखबार ग्लोबल टाइम्स में प्रकाशित एक लेख में कहा गया है कि भारत सिर्फ इसलिए अरुणाचल प्रदेश को अपना नहीं मान सकता कि दलाई लामा ऐसा कहते हैं. भारत की ओर से कहा गया था कि चीन के लिए यह मुर्खतापूर्ण है कि वह विभिन्न काउंटियों के नाम तो नहीं रख पाया है,

पेइचिंग अरुणाचल प्रदेश के लोग भारत के 'गैरकानूनी' शासन से दुखी हैं और अपनी 'मुश्किल जिंदगी' से परेशान लोग चीन से मिलना चाहते हैं. यह दावा है चीन के एक सरकारी अखबार 'चाइना डेली' का. बुधवार को अखबार ने अपने एक लेख में बौद्ध धर्मगुरु दलाई लामा को अरुणाचल जाने की अनुमति देने के लिए भारत की आलोचना की. चीन दलाई लामा को अरुणाचल में प्रवेश देने का विरोध कर रहा है. अरुणाचल, खासतौर पर तवांग में दलाई लामा को जाने देने की इजाजत देने पर चीन भड़का हुआ है. चीन ने भारत को चेतावनी दी थी कि वह दलाई लामा को