नई दिल्ली सेना और अर्द्धसैनिक बलों के 112 कर्मियों को इस साल के वीरता पुरस्कारों के लिए चुना गया है. 71वें स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने इन पुरस्कारों की घोषणा को मंजूरी दी. सेना के दो जवानों और सीआरपीएफ के एक कमांडेंट को मरणोपरांत शांतिकाल के दूसरे सबसे बड़े वीरता पुरस्कार कीर्ति चक्र के लिए चुना गया है.सैन्य अभियानों में अदम्य साहस और पराक्रम के लिये हर साल स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर दिये जाने वाले कीर्ति चक्र के लिये इस साल पांच जवानों को चुना गया है. इनमें से तीन को यह सम्मान मरणोपरांत प्रदान किया जायेगा. रक्षा मंत्रालय द्वारा जारी आधिकारिक जानकारी

दिल्ली मौत को मात देकर दोबारा जीवन जीने वाले सीआरपीएफ के जवान चेतन चीता कश्मीर के हालात से परेशान हैं. चेतन का कहना है कि वह कश्मीर को मिस कर रहे हैं और इस समय उन्हें वहां पर होना चाहिए था, क्योंकि वहां पर मेरी जरूरत है. चेतन चीता ने कहा कि वह दोबारा कोबरा टीम का हिस्सा बनना चाहते हैं. उन्होंने कहा कि इतनी सारी गोलियां खाने का बाद भी मैं यहां आपके सामने बैठा हूं, पर अभी भी लगता है कि मेरा कोई काम अधूरा है. यह इसलिये है कि मैं कुछ खास ही हूं. बताते चलें कि 14 फरवरी को