गर आपको बैंक से जुड़े कोई भी काम हो तो उसे शुक्रवार तक निपटा लें, नहीं तो आपको 16 अगस्‍त तक इंतजार करना होगा. इस दौरान आपको कैश की किल्‍लत हो सकती है. हालांकि बैंक अधिकारियों का दावा है कि छुट्टी के दिनों में भी विभिन्‍न बैंकों के एटीएम में कैश की किल्‍लत नहीं होगी. कुछ संयोग की वजह से बैंकों की छुट्टी लगातार चार दिनों तक रहेगी. 12 अगस्‍त से 15 अगस्‍त तक देश के अधिकतर बैंक बंद रहेंगे. * 12 अगस्‍त को सेकेण्‍ड सटरडे की वजह से बैंक बंद रहेंगे यानी दूसरे शनिवार की छुट्टी. * 13 अगस्‍त को रविवार

EPFO ने पीएफ बकाये के संग्रह तथा भविष्य निधि निकासी का भुगतान, पेंशन और बीमा के लिये पांच बैंकों के साथ समझौता किया है. बैंक आफ बड़ौदा, आईसीआईसीआई बैंक, एचडीएफसी बैंक, एक्सिस बैंक तथा कोटक महिंद्रा बैंक से ईपीएफओ को सालाना करीब 125 करोड़ रुपये बचाने में मदद मिलेगी. साथ ही इससे निवेश में तेजी के साथ अंशधारकों को भुगतान लाभ मिलेगा. अब जिन नियोक्ताओं का इन बैंकों में खाते होंगे, वे बकाया पीएफ (भविश्य निधि) इंटरनेट बैंकिंग के जरिये सीधे तत्काल ईपीएफओ के खाते में जमा कर सकते हैं. इस प्रकार की व्यवस्था नहीं होने से ईपीएफओ को बकाये का संग्रह

बैंक अब किसी अकाउंट को नॉन-परफॉर्मिंग की कैटिगिरी में डालने से पहले कर्ज वसूलने की प्रक्रिया शुरू कर सकेंगे। एक वरिष्ठ सरकारी अधिकारी ने बताया कि बैंकिंग रूल्स में हाल के संशोधनों से बैंकों को डूबे हुए कर्ज की समस्या के जल्द समाधान में मदद मिलेगी। RBI के नियमों के अनुसार, अगर किसी कर्ज की रकम की किस्त 90 दिनों से अधिक तक बकाया होती है तो वह नॉन-परफॉर्मिंग बन जाता है। अधिकारी ने कहा, 'नए ऑर्डनेंस के तहत यह स्पष्ट किया गया है कि बैंकरप्सी रूल्स के अनुसार डिफॉल्ट माना जाएगा, जिसका मतलब है कि अगर कर्ज के भुगतान

दिल्ली भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने आम आदमी से जुड़ा हुआ एक बड़ा फैसला किया है. आरबीआई की ओर से जारी किए गए सर्कुलर में कहा गया है कि बैंक ऐसे नोटों को स्वीकार करने से इनकार नहीं कर सकते हैं जो या तो गंदे हैं या फिर उनमें कुछ लिखा हुआ है. आरबीआई ने कहा कि ऐसे नोटों को बेकार नहीं समझा जाना चाहिए. हालांकि, ऐसे मामलों को साफ नोट नीति के मुताबिक सुलझाया जाना चाहिए. खबरों के मुताबिक, आरबीआई ने इस मुद्दे के बीच साल 2013 के अपने उस बयान की याद दिलाई, जो कि सोशल मीडिया में फैली उस

बीते लगभग 13 महीने से फरार चल रहे चर्चित शराब कारोबारी विजय माल्या को मंगलवार को लंदन में गिरफ्तार कर लिया गया।  बता दें कि माल्या को भारत के कई बैंकों का करीब 9 हजार करोड़ रुपए कर्ज चुकाना है। लेकिन वो, पिछले साल मार्च में देश छोड़कर लंदन चले गए थे। भारत सरकार ने ब्रिटिश से माल्या के प्रत्यर्पण  की मांग की है। प्रत्यर्पण के लिए ईडी, 1992 में भारत और ब्रिटेन के बीच हुई म्युचुअल लीगल असिस्टेंस ट्रीटी (MLAT) को टूल के तौर पर इस्तेमाल कर रही है। जांच एजेंसी माल्या के खिलाफ मुंबई कोर्ट से जारी हुए गैर-जमानती