राष्ट्रपति चुनाव में एनडीए के उम्मीदवार का समर्थन करने के बाद आज बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पहली बार कांग्रेस पर खुलकर हमला बोला है. नीतीश कुमार ने अपने बयान में कांग्रेस पर आरोप लगाया कि राष्ट्रपति चुनाव के लिए जदयू को कांग्रेस ने भरोसे में नहीं लिया. नीतीश कुमार का कहना है कि विपक्ष की आज जो स्थिति है उसके लिए कांग्रेस खुद ही जिम्मेदार है. यहां यह गौरतलब है कि बिहार में महागठबंधन की सरकार है और कांग्रेस, आरजेडी के साथ इस महागठबंधन में शामिल है. पटना में आयोजित प्रेस कांफ्रेंस में नीतीश कुमार ने कहा, 'क्या विपक्ष की एकता के बिना कांग्रेस

यूपीए ने राष्ट्रपति पद के लिए पूर्व लोकसभा स्पीकर मीरा कुमार को उम्मीदवार बनाया है. राष्ट्रपति उम्मीदवार चुनने के लिए संसद भवन में विपक्ष की हुई बैठक में मीरा कुमार का नाम तय हुआ. बैठक में 17 विपक्षी दलों के नेताओं ने भाग लिया. एनसीपी के शरद पवार ने मीरा कुमार के नाम का प्रस्ताव रखा. विपक्ष का कहना है कि वे सेकुलर दलों से मीरा कुमार को समर्थन देने की अपील करेगा. मीरा कुमार 27 जून को नामांकन भरेंगी. कांग्रेस से सोनिया गांधी, मनमोहन सिंह, अहमद पटेल, गुलाम नबी आज़ाद, एके एंटनी, मल्लिकार्जुन खड़गे, बीएसपी से सतीश मिश्रा, टीएमसी से

हरियाणा में कानून व्यवस्था और किसानों के मुद्दे को लेकर करनाल में आज से कांग्रेस का सत्याग्रह शरु होगा. प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अशोक तंवर इस सत्याग्रह की अगवाई करेंगे. इससे पहले अशोक तंवर ने कहा कि बीजेपी सरकार ने जनता से किए अपने वादे पूरे नहीं किए हैं.  उन्होने कहा कि प्रदेश का हर वर्ग दुखी है जिसको लेकर कांग्रेस पार्टी की और से 19 जून से करनाल में तीन दिन के लिए करनाल लघु सचिवालय के सामने सत्यग्रह आंदोलन चलाया जाएगा. इस आंदोलन में वह खुद मुख्य रूप से शामिल होंगे और प्रदेश सरकार के खिलाफ मोर्चा खोलेंगे.

कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी को ‘पप्पू’ कहने वाले उत्तर प्रदेश के कांग्रेसी नेता विनय प्रधान को पार्टी ने बर्ख़ास्त कर दिया है. प्रधान मेरठ जिला इकाई के अध्यक्ष थे. राज्यस्तरीय अनुशासन समिति के अध्यक्ष रामकृष्ण द्विवेदी ने प्रदेश अध्यक्ष राज बब्बर से मशविरा करने के बाद यह फैसला लिया. एक अंग्रेजी अखबार के हवाले से सामने आई ख़बरों में बताया गया है कि प्रधान ने हाल में ही पार्टी के स्थानीय कार्यकर्ताओं के व्हाट्सऐप ग्रुप पर एक संदेश भेजा था. इसमें उन्होंने लिखा, ‘राहुल गांधी को इस देश के लोगों का एक वर्ग पप्पू कहता है. लेकिन लोग इस बात के भी गवाह हैं

पंजाब कांग्रेस ने अब पूर्व अकाली शासनकाल में राज्य में शराब व रेत के ठेकों के आबंटन को लेकर सी.बी.आई. जांच की मांग की है. मुख्यमंत्री कैप्टन अमरेन्द्र सिंह को लिखे पत्र में कांग्रेस के सांसद रवनीत सिंह बिट्टू, विधायकों राकेश पांडे, सुरेन्द्र डावर, भारत भूषण आशु, कुलदीप सिंह, संजय तलवाड़, पंजाब कांग्रेस के महासचिव तथा 2 जिला प्रधानों गुरप्रीत सिंह गोगी व गुरदेव सिंह लापरां ने कहा कि अकाली दल के शासनकाल में 10 वर्षों तक शराब व रेत माफिया का साम्राज्य रहा. पूर्व सरकार के समय बहुत कम दरों पर  शराब व रेत के खड्ड अलॉट होते रहे. पत्र में

पंजाब में कांग्रेस सरकार की नीतियों के खिलाफ शिरोमणि अकाली दल नौ जून को पूरे पंजाब में प्रदर्शन करने जा रही है. ये प्रदर्शन जिला स्तर पर किया जाएगा और डिप्टी कमिश्नर को ज्ञापन सौंपे जाएंगे. शिरोमणि अकाली दल के सांसद प्रेम सिंह चंदूमाजरा ने जानकारी देते हुए बताया कि प्रदेश सरकार घोटालों से घिरी हुई है और किसान कर्ज के बोझ तले दबते जा रहे हैं.  

कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी से मुलाकात के बाद पंजाब के सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह ने खुल कर कैबिनेट मंत्री राणा गुरजीत सिंह का समर्थन किया है. उन्होंने कहा कि रेत खदानों की नीलामी किसी भी हालत में रद्द नहीं होगी. सरकार किसी भी राजनीतिक दबाव के आगे नहीं झुकेगी. सीएम ने कहा कि नीलामी पूरे पारदर्शी और निष्पक्ष ढंग से हुई है. इसकी निगरानी हाईकोर्ट के रिटायर्ड जज और दो आईएएस अफसरों ने की, और कैबिनेट मंत्री राणा गुरजीत सिंह पर लगाए जा रहे आरोपों में कोई दम नहीं है. सीएम ने कहा कि केंद्र सरकार की कंपनी आईटीआई लिमिटेड की ओर

खालिस्तान आतंकियों की तरफ से मिली धमकियों पर पंजाब के सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह ने बयान दिया है. उन्होंने कहा है कि केंद्र से सुरक्षा मांगने और बढ़ाने का सवाल ही पैदा नहीं होता. सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह ने कहा कि वो ऐसी धमकियों से डरने वाले नहीं है और वो पंजाब के लोगों की भलाई के लिए काम करते रहेंगे. सीएम ने कहा कि आतंकी संगठन पंजाब की शांति को भंग करने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन उन्हें मंसूबों में कामयाब नहीं होने दिया जाएगा. सीएम ने केंद्र सरकार की तरफ से दी गई जेड प्लस सिक्योरिटी लेने से इनकार