बरनाला/श्री फतेहगढ़ साहिब पंजाब में पहले मौसम की मार के किसान परेशान रहा, वहीं अब प्रदेश के कई इलाकों से आग के चलते किसानों की फसलों को नुकसान पहुंचने की खबरे आ रही हैं. ताजा मामला दो अलग-अलग शहर का है, एक मामला बरनाला के गांव सुखपुरा का है, जहां कटाई के लिए तैयार खड़ी 150 एकड़ गेहूं की फसल जलकर राख हो गई. आग लगने की वजह खेत में खड़े एक ट्रैक्टर में स्पार्क होना बताया जा रहा है. वहीं, दूसरा मामला फतेहगढ़ साहिब की है, जहां दो गांवों के किसानों की करीब 80 एकड़ खड़ी फसल जलकर राख हो गई है,

चंडीगढ़ पंजाब में किसानों की कर्ज माफी के लिए सरकार ने एक कमेटी गठित की है, जो किसानों की कर्ज माफी की समीक्षा कर 60 दिन में सरकार के सामने रिपोर्ट पेश करेगी. वहीं, डॉक्टर टी हक को तीन सदस्यों की इस कमेटी का चेयरमैन बनाया गया है. इनके साथ प्रमोद कुमार जोशी, बलविंदर सिंह सिद्धू को भी कमेटी का सदस्य बनाया गया है. ये कमेटी कर्ज माफी पर सरकार को सुझाव देगी.

चंडीगढ़ पंजाब सरकार ने शनिवार को औपचारिक अधिसूचना जारी कर कुछ श्रेणी के वाहनों को छोड़कर सभी तरह के वाहनों पर लालबत्ती के इस्तेमाल पर प्रतिबंध लगा दिया है. राज्य सरकार ने कहा कि यह वीआईपी संस्कृति खत्म करने की दिशा में उठाया गया यह एक महत्वपूर्ण कदम है. अब लाल बत्ती का इस्तेमाल केवल कुछ ही श्रेणियों में उच्च गणमान्य व्यक्तियों द्वारा किया जा सकता है. जिसमें पंजाब के गवर्नर, मुख्य न्यायाधीश और पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट के न्यायाधीश शामिल हैं. पंजाब मंत्रिमंडल ने पिछले महीने पहली मंत्रीमंडलीय बैठक में वीआईपी संस्कृति खत्म करने का फैसला लिया था. बैठक में कुछ खास श्रेणियों को

पंजाब में नशा तस्करों के खिलाफ पुलिस ने अपनी मुहिम तेज कर दी है। खन्ना में पुलिस ने मलोद थाना क्षेत्र में नाकेबंदी के दौरान एक तस्कर से दो क्विंटल चूरापोस्त बरामद किया है। खन्ना के एसएसपी नवजोत सिंह माहल ने इसकी जानकारी दी। उन्होंने बताया कि जब पुलिस ने एक ट्रक की तलाशी ली, तो वहां से आठ बोरियां चूरापोस्त बरामद हुई है। नशा तस्कर ने बताया कि वो मध्य प्रदेश से चूरापोस्त लेकर खन्ना में सप्लाई कर रहा था। फिलहाल आरोपी ट्रक ड्राइवर को हिरासत में लेकर मामला दर्ज कर लिया गया है

बटाला पंजाब में निजी स्कूलों की मनमानी के खिलाफ अभिभावकों ने मोर्चा खोल दिया है। गुरदासपुर के बटाला में अभिभावकों ने प्रशासन और स्कूलों के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। वहीं, अभिभावकों ने आरोप लगाए कि प्रशासन निजी स्कूल संचालकों की मनमानी रोकने में नाकाम साबित हो रहा है

पिछले कई दिनों से पंजाब यूनिवर्सिटी में बिगड़े माहौल के बीच पंजाब के राज्यपाल वीपी बदनौर ने कड़े तेवर दिखाए हैं। हिंसक घटना के बाद राज्यपाल की तरफ से आदेश जारी किया गया है कि पीयू हिंसा में जो निर्दोष स्टूडेंट्स फंसे हैं, उनके लिए एक कमेटी बनाई जाए, कमेटी रिव्यू कर निर्दोष छात्र-छात्राओं की डिटेल दे, ताकि निर्दोष विद्यार्थी इस झंझट से बाहर आ सकें. राज्यपाल ने फीस कैसे कम की जाए, इस पर भी बैठक करने को कहा है। पंजाब के राज्यपाल बदनौर ने वीसी प्रोफेसर अरुण कुमार ग्रोवर सहित यूटी के तमाम अधिकारियों को तलब किया और पंजाब

पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने राज्य में वीआईपी सुरक्षा के मुद्दे पर समीक्षा करने के लिए उन्नीस अप्रैल को चंडीगढ़ में एक उच्च स्तरीय बैठक बुलाई है। बैठक में राज्य के डीजीपी सुरेश अरोड़ा समेत कई सीनियर अफसर शामिल होंगे। गौरतलब है कि जब से पंजाब में कैप्टन अमरिंदर सिंह की सरकार आई है तब से सरकार ने वीआईपी सुरक्षा को लेकर बड़े पैमाने पर कटौती की है। ताकि ज्यादा से ज्यादा पुलिस कर्मियों को नागरिक सुरक्षा और दूसरे कई अहम स्थानों पर तैनात किया जा सके।

संगरूर पुलिस की कार्यशैली सवालों के घेरे में हैं। पुलिस अफसरों पर लोगोंवाल थाना क्षेत्र में हुई फाइनेंसर की हत्या मामले में हिरासत में लिए गए युवकों को प्रताड़ित करने का आरोप लगा है। पीड़ित युवकों ने बताया कि उन्हें मामले में गिरफ्तार कर अलग-अलग जगह रखा गया और फिर ज्यादतियां कर उनपर गुनाह कबूल करने लिए दबाव डाला गया। इतना ही नहीं पीड़ितों ने बताया कि मामले से उनका नाम हटाने के लिए पुलिस ने उनसे लाखों रूपए भी ऐंठे। उन्होंने एसएसपी, डीएसपी समेत पांच पुलिस अधिकारियों पर डरा धमकाकर झूठे मामले में फंसाने का डर दिखाकर रिशवत लेने का

कनाडा के रक्षा मंत्री हरजीत सिंह सज्जन अप्रैल के आखिर में भारत दौरे पर होंगे. इस दौरान वह अमृतसर भी जाएंगे. पंजाब के मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह ने कहा है कि वह कनाडा के रक्षा मंत्री से मुलाकात करने से मना कर दिया है. अमरिंदर सिंह ने कहा कि हरजीत सिंह और उनके पिता खालिस्तान के समर्थक रहे हैं, इसलिए उनसे मुलाकात करने का सवाल नहीं उठता. 20 अप्रैल को भारत आयेंगे सज्जन एक चैनल से बातचीत के दौरान अमरिंदर ने कहा कि कनाडा की जस्टिन ट्रूडो की सरकार में सज्जन समेत कुल 5 मंत्री खालिस्तानी समर्थक हैं, इसलिये उनकी यात्रा के प्रति

जलियांवाला बाग नरसंहार भारतीय इतिहास के सबसे काले अध्यायों में एक है। आज ही के दिन 13 अप्रैल 1919 को ब्रिटिश लेफ्टिनेंट जनरल रेगिनाल्ड डायर ने अमृतसर के जलियांवाला बाग में बैसाखी के मौके पर इकट्ठे हजारों निहत्थे मासूम भारतीयों पर अंधाधुंध गोलियां चलवा दी थीं। 1000-2000 भारतीय इस गोलीबारी में मारे गए थे। इससे कहीं ज्यादा गंभीर रूप से घायल हुए थे। डायर ने बाग से निकलने के सारे रास्ते बंद करवा दिए थे। बाग में जाने का जो एक रास्ता खुला था जनरल डायर ने उस रास्ते पर हथियारबंद गाड़ियां खड़ करवा दी थीं। वो करीब 100 सिपाहियों के