सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को जम्मू-कश्मीर में लगे आर्टिकल 370 पर दायर की गई एक याचिका स्वीकार कर ली है. इस याचिका में आर्टिकल 370 के तहत जम्मू-कश्मीर को दिए जा रहे स्पेशल ग्रांट को चैलेंज किया गया है. इसके बाद सुप्रीम कोर्ट ने इस मुद्दे पर नोटिस जारी किया है. याचिका में कहा गया है कि जम्मू-कश्मीर से धारा 370 हटाई जाए और वहां लागू अलग संविधान को भी अघोषित किया जाए. यह याचिका ऐसे समय में दायर की गई है जब देश में आर्टिकल 35A को लेकर बहस चल रही है. नेशनल कांफ्रेंस के नेता फारुक अब्दुल्ला ने भी

जम्मू-कश्मीर के बडगाम जिले में एक बैंक के गार्ड ने हिम्मत दिखाकर आतंकवादी के मंसूबों पर पानी फेर दिया है। दरअसल, बैंक में एक आतंकवादी आम नागरिक बनकर दाखिल हुआ और निकलते वक्त गार्ड की रायफल छीनकर भागने लगा। आतंकवादी ने झटके से बैंक के गार्ड के हाथ से रायफल पर झपट्टा मारा और उसे छीनकर भागने लगा, लेकिन बैंक के गार्ड ने डरने के बजाए उसका मुकाबला किया जिससे वो वहां से भाग खड़ा हुआ। अब इस घटना का वीडियो सामने आया है। देखें सीसीटीवी फुटेज

जम्मू कश्मीर के सोपोर में सुरक्षाबलों ने मुठभेड़ में तीन आतंकियों को ढेर कर दिया है। सोपोर के अमरगढ़ में हुई इस मुठभेड़ में एक जवान भी घायल हुआ है। आतंकियों के पास से तीन AK47 बरामद हुई हैं। जानकारी के मुताबिक मुठभेड़ खत्म हो चुकी है लेकिन सर्च ऑपरेशन जारी है। इस हमले के बाद सोपोर के सभी सरकारी और प्राइवेट स्कूल्स को बंद करने के आदेश दिए गए हैं। इससे पहले शुक्रवार को भी अनंतनाग के बीजबेहरा इलाके के खंजरबल में सुरक्षाबलों ने एक हिजबुल आतंकी यावर को मार गिराया था। यावर के पास से भी एक एसएलआर राइफल, चालीस

जम्मू-कश्मीर के शोपियां में सेना के काफिले पर आतंकी हमला हुआ है। बताया जा रहा है कि तीन आतंकियों ने सुरक्षाबलों पर फायरिंग की, जिसमें एक मेजर समेत सेना के दो जवान शहीद हो गए है। वहीं, कुछ जवान घायल भी बताए जा रहे हैं। फिलहाल, सुरक्षाबलों और आतंकियों के बीच मुठभेड़ जारी है। उधर,  कुलगाम जिले के गोपालपुरा गांव में मुठभेड़ के दौरान सुरक्षाबलों ने दो आतंकियों को मार गिराया है। पुलिस की एसओजी और सेना की 9 आरआर टीम ने सर्च अभियान चलाकर इन आतंकियों को डीएच पोरा इलाके के गोपालपुरा इलाके में मार गिराया। देर रात हुई इस

कश्मीर में आतंकियों और सुरक्षा बलों के बीच हुई मुठभेड़ में लश्कर-ए-तैयबा का शीर्ष कमांडर अबु दुजाना व उसका स्थानीय सहयोगी आरिफ नबी डार मारा गया. वह पाकिस्तानी नागरिक था. जम्मू-कश्‍मीर पुलिस ने पाकिस्तान से कहा है कि वह दुजाना का शव ले जाए. सूबे की पुलिस ने नयी दिल्ली स्थित पाकिस्तान के उच्चायोग से आतंकी अबु दुजाना के शव को पाकिस्तान भिजवाने के लिए संपर्क किया है ताकि उसका अंतिम संस्कार उसके जन्मस्थान पर किया जा सके. सुरक्षा बलों पर कई हमलों के मामलों में वह वांछित था. 'ए ' श्रेणी के आतंकी दुजाना पर 10 लाख रुपये का इनाम

कश्मीर घाटी के पुलवामा जिले में आतंकियों के खिलाफ सुरक्षाबलों को बड़ी कामयाबी हाथ लगी है. सुरक्षाबलों के साथ हाकरीपोरा गांव में मुठभेड़ में लश्कर कमांडर अबु दुजाना मारा गया है. दुजाना के साथ एक स्थानीय आतंकी आरिफ ललहारी भी मारा गया है. सुरक्षाबलों ने उस घर को आग लगा दी जिसमें आतंकियों के छिपे होने की खबर थी. अबु दुजाना लश्कर का टॉप कमांडर था. पिछले कई महीनों से सुरक्षाबलों ने दुजाना का मारने के लिए कई ऑपरेशन चलाए थे. उसपर सुरक्षाबलों ने 10 लाख का इनाम घोषित कर रखा था. पुलवामा के हाकरीपोरा गांव में सेना ने तड़के

राज्य में अशांति फैलाने के मकसद से पाकिस्तान की ओर से आतंकियों को धन उपलब्ध कराने के मामले में राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआइए) की टीम ने रविवार को जम्मू में एक वकील देवेंद्र सिंह बहल के घर छापा मारा। इस दौरान एनआइए टीम ने अलगाववादियों से जुड़े कुछ आपत्तिजनक दस्तावेज और चार मोबाइल फोन जब्त किए। वहीं टेरर फंडिंग से ही जुड़े एक अन्य मामले में एनआइए ने गिलानी के दूसरे बेटे नसीम को समन भेजकर बुधवार को एजेंसी के सामने पेश होने को कहा। इससे पहले एनआईए ने गिलानी के बड़े बेटे नईम को शनिवार को मुख्यालय तलब किया था।

जम्मू-कश्मीर के पुलवामा जिले में रविवार सुबह सिक्युरिटी फोर्सेज और आतंकियों के बीच एनकाउंटर हुआ. तहाब एरिया में सिक्युरिटी फोर्सेज ने 2 आतंकियों को मार गिराया. ऑपरेशन फिलहाल अभी जारी है. सिक्युरिटी फोर्सेज ने पूरे इलाके को घेर रखा है. कश्मीर में इस साल आतंकी घुसपैठ की कोशिशों में इजाफा हुआ है. पिछले कुछ महीनों में आर्मी और सिक्युरिटी फोर्सेज ने कई बार ऐसी कोशिशों को नाकाम किया है. गुरेज सेक्टर में 27 जुलाई को आतंकियों ने घुसपैठ की कोशिश की थी, जिसे आर्मी ने नाकाम कर दिया था. संदिग्ध गतिविधियों का पता चलते ही आर्मी जवानों ने आतंकियों को ललकारा था।

जम्‍मू कश्‍मीर की मुख्‍यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने संविधान के अनुच्छेद 35(A) में बदलाव के मुद्दे को उठाते हुए चेतावनी दी कि अगर इसमें बदलाव होता है तो कश्‍मीर में तिरंगे की सुरक्षा के लिए कोई आगे नहीं आएगा।   मुख्यमंत्री ने कहा कि जम्मू-कश्मीर का विशेष दर्जा समाप्त करना सरासर गलत होगा। अगर ऐसा हुआ तो तिरंगे को यहां थामने वाला कोई नहीं होगा। यहां के लोग विशेष प्रकृति के हैं। वह भारत में रहते हैं, क्योंकि यही एक देश है जहां हिंदू-मुस्लिम एक साथ प्रार्थना करते हैं। यहां भगवान की मूर्ति को मुस्लिम कलाकार अपने हाथों से तराशते हैं। उनका कहना

जम्मू- कश्मीर में आतंकवाद को बढ़ावा देने के लिए पाकिस्तान लगातार सीमा पार व्यापार के जरिए टेरर फंडिंग कर रहा है, जिसको रोकने के लिए कवायद शुरू हो गई है. राष्ट्रीय सुरक्षा एजेंसी यानी NIA  ने गृह मंत्रालय को उरी और पुंछ के रास्ते होने वाले सीमापार व्यापार को बंद करने की सिफारिश की है.  आपको बाते दे कि साल 2008 में दोनों देशों के बीच इन जगहों से सीमापार व्यापार शुरु हुआ था. NIA ने अपनी सिफारिश में कहा कि गृह मंत्रालय की ओर से व्यापार के लिए बनाई गए स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर का पालन नहीं किया गया. NIA ने