महिलाओं को शादी या तलाक के बाद नहीं बदलना पड़ेगा पासपोर्ट से नाम

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ऐलान किया कि महिलाओं को अब शादी के बाद अपने पासपोर्ट में अपना नाम बदलवाने की जरूरत नहीं है और वह शादी से पहले वाला नाम बरकरार रखने के लिए स्वतंत्र होंगी. उन्होंने कहा कि महिलाओं को पासपोर्ट के लिए शादी या तलाक के दस्तावेज भी नहीं दिखाने होंगे.

मोदी ने कहा कि वह चाहते हैं कि महिलाएं विकास योजनाओं के केंद्र में रहें. उन्होंने कहा कि मुद्रा और उज्ज्वला सहित विभिन्न योजनाओं के जरिए उनकी सरकार महिलाओं को सशक्त करने के लिए कई तरह के कदम उठा रही है.

अपनी सरकार की ओर से शुरू की गई विभिन्न महिला केंद्रित योजनाओं का हवाला देते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि महिलाओं के लिए मातृत्व अवकाश 12 हफ्तों से बढ़ाकर 26 हफ्तों का कर दिया गया है जबकि एक अन्य योजना में अस्पतालों में बच्चे को जन्म देने वाली महिलाओं को 6,000 रूपए देने का प्रावधान है.

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