पढ़ें, PAK में जाधव की सजा पर एक्सपर्ट्स का क्या कहना है

वॉशिंगटन

भारत के पूर्व अफसर रहे कुलभूषण जाधव (46) को पाकिस्तान में फांसी की सजा सुनाने की दुनियाभर में चर्चा हो रही है। इस पर अमेरिकी एक्सपर्ट्स ने कहा है कि पाकिस्तान, अंतरराष्ट्रीय बिरादरी में खुद को अलग-थलग किए जाने को लेकर भारत को कड़ा संदेश देना चाहता है। बता दें कि 10 मार्च को पाकिस्तान की आर्मी कोर्ट ने कुलभूषण को फांसी की सजा सुनाई थी। भारत में संसद में इसका जोरदार विरोध हुआ था। सुषमा स्वराज ने सदन में कहा था, “जाधव पूरे हिंदुस्तान का बेटा है। हर कीमत पर उन्हें बचाया जाएगा।”

जाधव के मामले में पाक ने गजब की तेजी दिखाई
– न्यूज एजेंसी की खबर के मुताबिक यूएस के विदेश मंत्रालय की पूर्व अफसर एलिजा आयर्स ने कहा, “जाधव के मामले में कई गड़बड़ियां हुईं। एक तो पाक में भारतीय हाईकमिश्नर को कोई जानकारी नहीं दी गई। कोर्ट मार्शल का फैसला चौंकाने वाला रहा। इसमें भी पूरी गोपनीयता रखी गई। विरोधाभास तो ये है कि जितनी तेजी पाकिस्तान ने जाधव के मामले में दिखाई, उससे कहीं ज्यादा सुस्त मुंबई हमले की सुनवाई रही।”

– “पाक ने मुंबई हमले का केस करीब 9 साल से अटका रखा है।”
– बता दें कि एलिजा एक टॉप अमेरिकन थिंक टैंक में भारत, पाक और साउथ एशिया मामलों की सीनियर फैलो हैं।
– वॉशिंगटन के एक अन्य थिंक टैंक साउथ एशिया सेंटर एट द अटलांटिक काउंसिल के डायरेक्टर भरत गोपालस्वामी ने कहा, “जाधव को सजा देने में पाक ने सबूत दिए, वो काफी हल्के हैं। मामले को राजनीतिक रंग देने की कोशिश की गई। पाकिस्तान इसका इस्तेमाल भारत की आतंकवाद से लड़ाई की डिप्लोमेसी के खिलाफ करना चाहता है।”

और क्या बोले एक्सपर्ट?
– वुड्रो विल्सन सेंटर में साउथ एशिया मामलों के डिप्टी डायरेक्टर माइकल कूगलमैन ने कहा, “पाक ने जाधव के जिन सबूतों को आधार बनाया, वे रहस्य और अनिश्चितता से भरे हैं। लेकिन इन सबसे तय है कि पाक, भारत को कड़ा संदेश देना चाहता है। पाक नई दिल्ली को चेता रहा है कि वह उसके मामलों में न तो दखलअंदाजी न करे या उसे दुनिया में अलग-थलग करने की कोशिश न करे।”

Share With:
Rate This Article