हंगामे की भेंट चढ़ा शीतकालीन सत्र : दोनों सदन अनिश्चितकाल के लिए स्थगित

दिल्ली

संसद के शीतकालीन सत्र का शुक्रवार को आखिरी दिन था और जैसी आशंका थी, उसी के अनुसार संसद के दोनों सदनों की कार्यवाही शुरू होते ही हंगामा भी शुरू हो गया. राज्यसभा में हंगामा थमता न देख सदन की कार्यवाही को अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दिया गया. शोर-शराबे के बीच लोकसभा की कार्यवाही 12 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई.

लोकसभा की कार्यवाही दोबारा शुरू हुई और इसके बाद सदन की कार्यवाही सुचारू रूप से जारी रही. इस दौरान सदन ने ‘निशक्त व्यक्ति अधिकार विधेयक 2016’ पर बहस भी की और इसके बाद इसे पास भी कर दिया. हालांकि इसके बाद सदन की कार्यवाही को अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दिया गया.

बता दें कि शीतकालीन सत्र का अधिकतर समय नोटबंदी के कारण हंगामे की भेंट चढ़ चुका है. इसके अलावा ममता बनर्जी की सुरक्षा में चूक, पश्चिम बंगाल में सेना की तैनाती, पीएम मोदी पर व्यक्तिगत भ्रष्टाचार में लिप्त होने और वीवीआईपी हेलीकॉप्टर घोटाले व किरण रिजिजू के कथित तौर पर घोटाले में शामिल होने के आरोपों ने रही-सही कसर पूरी कर दी है.

राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष गुलाम नबी आजाद की अगुवाई में सभी 16 पार्टियों के प्रतिनिधियों की हुई बैठक में इन सबका कहना था कि सरकार ने नोटबंदी पर अपनी नाकामी छुपाने के लिए संसद में बहस नहीं होने दी है. इसलिए राष्ट्रपति से इस बात की शिकायत की जाएगी कि सत्तापक्ष ने संसद में विपक्ष को उसके बोलने के लोकतांत्रिक अधिकार से रोका है.

एक माह के इस सत्र के समापन से एक दिन पहले गुरुवार को भी संसद के दोनों सदनों में हंगामे का ही वर्चस्व रहा. कोई कामकाज न हो सका. सत्तापक्ष और विपक्ष, दोनों के सदस्य नोटबंदी, भ्रष्टाचार और अन्य मुद्दों को लेकर एक-दूसरे पर पिछले कई दिनों की तरह आरोप लगाते रहे.

निचले सदन लोकसभा में विपक्ष नोटबंदी पर और सत्तापक्ष अगस्ता वेस्टलैंड हेलीकॉप्टर सौदे पर चर्चा की मांग करता रहा. दोनों सदनों में लगातार हंगामे से भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी आहत हो गए और उन्होंने कहा कि उन्हें लगता है कि वह संसद से इस्तीफा दे दें, क्योंकि यह कभी खत्म न होने वाला ‘नरक’ बना हुआ है.

उन्होंने गृहमंत्री राजनाथ सिंह से कहा कि वह लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन को सूचित कर दें कि उन्हें शुक्रवार को 8 नवंबर की नोटबंदी पर चर्चा सुनिश्चित करनी चाहिए. हालांकि यह बात आडवाणी ने संसद की कार्यवाही स्थगित हो जाने के बाद कही.

लोकसभा की कार्यवाही शुरू होते ही विपक्षी सदस्यों ने हंगामा शुरू कर दिया. जवाब में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के सदस्यों ने एक अखबार की क्लिपिंग दिखाते हुए नारेबाजी शुरू कर दी. लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन ने सदन में समाचार पत्रों की क्लिपिंग दिखाने को लेकर चेतावनी दी. इसके बाद सदन की कार्यवाही दोपहर 12 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई.

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